भारत के पूर्व कप्तान और आल राउंडर प्लेयर कपिल देव ने हाल में यह साफ़ कहा है कि बाये हाथ के हरफनमौला बल्लेबाज़ ईशान किशन इस बार आईपीएल के सबसे महंगे प्लेयर के तौर पर उभरे। ईशान किशन पर साफ़ तौर पर जाहिर था की वे महंगे प्राइस टैग के बोझ से थोड़ा दबे हैं जिसकी वजह से उनका वो प्रदर्शन नहीं उभर कर आ रहा जैसा की प्रदर्शन देने में वे माहिर हैं ।
आपको बता दें की आईपीएल 2022 के मेगा ऑक्शन में ईशान किशन को अपने खेमें में शामिल करने के लिए चेन्नई ने भी दम दिखाया था जहाँ दो करोड़ के बेस प्राइस वाले इस प्लेयर पर मुंबई इंडियंस मेहरबान रही और कुल 15.25 करोड रुपए देकर ईशान को अपने खेमें का हिस्सा बनाया ।
यह देखा गया की ईशान किशन पर साफ़ महंगे खिलाड़ी होने का भार और अधिक जिम्मेदारी का बोझ दिखाई दिया । जहाँ ईशान किशन का प्रदर्शन अंडर राडार रहा ।
आंकड़ों पर नज़र डालें तो मुंबई इंडियंस के सलामी बल्लेबाज़ ईशान ने खेले गए कुल 14 मैचों में 32 की औसत से बल्लेबाज़ी करते हुए 418 रन बनाए। आलम यह रहा की मुंबई इस बार 10 वे पायदान पर रही । पुरे सीजन में ईशान किशन ने कुल 3 अर्धशतकीय पारी खेली । वहीँ दवाब के बारे में ईशान ने भी विराट कोहली जैसे दिग्गज प्लेयर से बात की वहीँ क्रिकेट के जानकारों ने भी एकमत से यही कहा की ईशान प्राइस टैग की दवाब से जुंझ रहे हैं ।

यूट्यूब अनकट पर अपनी बात साझा करते हुए कपिल देव ने यह साफ़ किया की 15 करोड़ के प्राइस टैग का दवाब ईशान पर पुरे सीजन दिखाई दिया । जहाँ उन्हें यह लगा की मुझे किसी भी कीमत पर खरा उतरना है । जिसकी वजह से वे नेचुरल गेम दिखने में कामयाब नहीं रहे । पैसे मिलने अच्छी बात है ।
कपिल देव ने ईशान किशन की बड़ाई करते हुए अपनी बात रखते हुए यह भी साफ़ किया की ईशान किशन के का आंकलन पहले ही फ्रेंचाइजी ने कर लिया था । फ्रेंचाइजी को पता होता है और वो भविष्य को देखते हुए प्लेयर पर पैदा खर्च करता है कोई इतना बेवकूफ नहीं होता की इतने अधिक पैसे देकर खिलाडी को शामिल करे यक़ीनन ईशान किशन की प्रभाव का मोल फ्रेंचाइजी जानती है। वहीँ इसके साथ जिम्मेदारी और अधिक अपेक्षाएं भी बढ़ती हैं । जिसकी वजह से अगर प्लेयर उस स्तर का प्रदर्शन नहीं करता तो दवाब उस प्लेयर पर रहता है ।
कपिल देव ने युवराज सिंह की बात रखते हुए यह भी कहा की एक समय ‘वह भी आईपीएल मेगा ऑक्शन में सर्वाधिक पैसे में टीम में शामिल किये जाने के बाद बाये हाथ के युवराज पर भी प्रदर्शन का दवाब था और यह आम बात है . 14 करोड़ रुपए में दिल्ली डेयरडेविल्स ने साल 2014 में युवी को अपने खेमें में शामिल किया था । जहाँ प्राइस टैग का दवाब उनपर काफी था ।
आंकड़ों के लिहाज से बात करे तो साल 2014 में खेले गए कुल 14 मुकाबलों में युवराज ने 376 रन बनाये थे । कपिल देव के अनुसार चाहे जितना बड़ा प्लेयर को प्राइस टैग का अतिरिक्त दवाब प्रदर्शन पर पड़ता है और उसके साथ न्याय करने का दवाब तब के समय युवी और अब के समय ईशान पर साफ़ देखा गया ।







